23-फरवरी-2022 | देश के सबसे बड़े बैंक स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने हाल ही में फिक्स्ड डिपॉजिट यानी FD की ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है। ऐसे में अगर आप SBI में FD कराने का प्लान बना रहे हैं तो आपको इससे पहले पोस्ट ऑफिस के नेशनल सेविंग्स टाइम डिपॉजिट अकाउंट की ब्याज दरों के बारे में जरूर जानना चाहिए। हम आपको SBI फिक्स्ड डिपॉजिट की ब्याज दर और टाइम डिपॉजिट अकाउंट के बारे में बता रहे हैं। ताकि आप अपने हिसाब से सही जगह निवेश कर सकें।
नेशनल सेविंग्स टाइम डिपॉजिट अकाउंट में मिल रहा 6.7% तक का ब्याज
- यह एक तरह की FD ही है। इसमें एक तय अवधि के लिए निवेश करके आप निश्चित रिटर्न पा सकते हैं।
- टाइम डिपॉजिट अकाउंट 1 से 5 साल तक की अवधि के लिए 5.5 से 6.7% तक ब्याज दर की पेशकश करता।
- इसमें 1000 रुपए का मिनिमम निवेश करना होता है। वहीं अधिकतम निवेश की कोई सीमा नहीं है।
SBI vs टाइम डिपॉजिट अकाउंट: कहां मिलेगा कितना ब्याज
| डिपॉजिट अवधि | टाइम डिपॉजिट अकाउंट में कितना ब्याज | SBI में कितना ब्याज |
| 1 साल | 5.5% | 5.10% |
| 2 साल | 5.5% | 5.20% |
| 3 साल | 5.5% | 5.30% |
| 5 साल | 6.7% | 5.40% |
कहां कितने समय में पैसा होगा डबल?
नेशनल सेविंग्स टाइम डिपॉजिट अकाउंट: इसमें अधिकतम ब्याज 6.7% मिल रहा है ऐसे में रूल 72 के अनुसार अगर आप इस स्कीम में पैसा लगाते हैं तो पैसे को डबल होने में 10 साल 7 महीने का समय लगेगा।
SBI की FD: इसमें अधिकतम ब्याज 5.4% मिल रहा है ऐसे में रूल 72 के अनुसार अगर आप इस स्कीम में पैसा लगाते हैं तो पैसे को डबल होने में 13 साल 3 महीने का समय लगेगा।
5 साल के लिए निवेश मिलता है टैक्स छूट का फायदा
इस टाइम डिपॉजिट स्कीम और FD में 5 साल के लिए निवेश करने पर इनकम टैक्स एक्ट 1961 के सेक्शन 80C के तहत टैक्स छूट का फायदा ले सकते हैं। इसके तहत 1.50 लाख रुपए तक के निवेश पर आप इनकम टैक्स छूट का फायदा ले सकते हैं।
क्या है रूल ऑफ 72?
फाइनेंस का यह खास नियम है रूल ऑफ 72। एक्सपर्ट्स इसे सबसे सटीक रूल मानते हैं, जिससे यह तय किया जाता है कि आपका निवेश कितने समय में डबल हो जाएगा। इसे आप ऐसे समझ सकते हैं कि अगर आपने बैंक के एक खास स्कीम का चयन किया है, जहां आपको सालाना 8% ब्याज मिलता है। ऐसे में आपको रूल ऑफ 72 के तहत 72 में 8 का भाग देना होगा। 72/8= 9 साल, यानी इस स्कीम के तहत आपके पैसे 9 साल में दोगुने हो जाएंगे।
Source;-“दैनिक भास्कर”
