03 मई 2022 | जाति जनगणना की स्वीकृति मिलने के बाद अब बिहार में जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने की मांग शुरू हो गई है। इस मांग को कोई और नहीं कर रहा है बल्कि बिहार के सत्तारूढ़ दल बीजेपी के मंत्री कर रहे हैं। बीजेपी के मंत्री नीरज कुमार सिंह बबलू ने साफ कहा है कि जातीय जनगणना तो ठीक है लेकिन, अब बिहार में जनसंख्या विस्फोट को रोकने के लिए जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने की जरूरत है। बिहार सरकार के मंत्री ने इस बात पर जोर दिया कि यह बेहद जरूरी है और इस कानून को लाए बिना बिहार का विकास संभव नहीं है। बताते चलें की जनसंख्या नियंत्रण कानून की मांग लगातार केंद्र सरकार के मंत्री गिरिराज सिंह ही करते रहे हैं अब इस कानून को लाने के लिए बिहार सरकार के मंत्री भी धीरे-धीरे मुखर हो रहे हैं।
जनसंख्या विस्फोट की वजह से विकास नहीं दिखता – नीरज
बिहार सरकार के वन पर्यावरण मंत्री नीरज सिंह बबलू मुखर होते हुए कैबिनेट की बैठक खत्म होने के बाद यह मामला उठाया है। नीरज सिंह बबलू ने कहा कि जातीय जनगणना तो बिहार में कराया जा रहा है कैबिनेट ने उसे पास भी कर दिया है।
अब लगे हाथ हो जनसंख्या नियंत्रण कानून लागू कर दिया जाए। उदाहरण देते हुए बिहार सरकार के मंत्री ने कहा बिहार में दो लेन, चार लेन, छह लेन की सड़कें बन गई, लेकिन भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रहा है। जब तक जनसंख्या नियंत्रण नहीं होगा तब तक बिहार में विकास नहीं दिखेगा।
लडकियां शिक्षित होंगी तो जनसंख्या अपने आप नियंत्रित होगा – जदयू
बिहार सरकार के मंत्री ने जब यह बयान दिया तो इस पर राजनीति शुरू हो गई। जेडीयू ने जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने का विरोध किया। जदयू के प्रदेश अध्यक्ष उमेश कुशवाहा ने साफ कहा कि बिहार में जनसंख्या नियंत्रण कानून की जरूरत नहीं है।
उमेश कुशवाहा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा था जब तक यहां की लड़कियां शिक्षित नहीं होगी, तब तक इस जनसंख्या पर नियंत्रण नहीं पाया जा सकता है। इसका एकमात्र उपाय है यहां की लड़कियों को शिक्षित किया जाए। फिलहाल जनसंख्या नियंत्रण कानून को लेकर राजनीति शुरू हो गई है। हालांकि बीजेपी शासित उत्तर प्रदेश में इस कानून को लाने की तैयारी चल रही है। अब उसी को केंद्र में रखकर बिहार के बीजेपी नेता भी जनसंख्या नियंत्रण कानून लाने की मांग कर रहे है।
Source;- ‘’दैनिक भास्कर’’
