देश को खाद्यान्न में सरप्लस बनाने में पंजाब-हरियाणा के किसानों का प्रमुख योगदान
गुजरात

देश को खाद्यान्न में सरप्लस बनाने में पंजाब-हरियाणा के किसानों का प्रमुख योगदान

गांधीनगर/अहमदाबाद। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ वीडियो कांफ्रेंस के दौरान मुख्यमंत्री विजय रूपानी ने दीपावली त्योहार के बाद गुजरात में कोरोना संक्रमण के मामलों में वृद्धि होने पर राज्य सरकार की स्वास्थ्य सुविधाएं व उपचार प्रणाली की जानकारी दी।

प्रधानमंत्री मोदी से वार्ता के दाैरान मुख्यमंत्री रूपानी ने बताया कि गुजरात में कोरोना की स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में है। कोरोना के संक्रमित नागरिकों के तत्काल इलाज के लिए पर्याप्त संख्या में कोविड अस्पतालों में बेड सहित सभी सुविधाएं उपलब्ध हैं। कोरोना के प्रसारण को रोकने के लिए राज्य सरकार तत्काल कदम उठा रही है।
उन्होंने बताया कि अभी दो दिन पूर्व ही अहमदाबाद शहर में दो दिन के लिए कर्फ्यू लगाया गया था। इसके अलावा अहमदाबाद, वड़ोदरा, सूरत और राजकोट में रात 9 बजे से सुबह 6 बजे तक कर्फ्यू लगाया जा रहा है, जो स्थिति को नियंत्रण में आने तक जारी रहेगा। उन्होंने बताया कि राज्य में शादियों और सार्वजनिक समारोहों में शामिल हाेने वालों की संख्या भी घटाकर 100 कर दी गई है। साथ ही अंतिम संस्कार में केवल 50 लोगों के शामिल होने की अनुमति दी गई है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि अहमदाबाद सहित अन्य शहरों में कोविड बेड की संख्या बढ़ा दी गई है। कोविड मरीजों को अस्पताल में लाने के लिए 108 की एम्बुलेंस सेवा अधिक प्रभावी बनाया गया है। 104 हेल्पलाइन से घर पर लोगों को कोविड संबंधित उपचार दिया जा रहा है। अब तक 2 लाख 78 हजार से अधिक लोग इससे लाभान्वित हो चुके हैं।

रूपानी ने बताया कि 1100 धन्वंतरि रथ कोविड प्रभावित क्षेत्रों में इलाज के लिए चल रहे थे, जिन्हें बढ़ाकर 1700 कर दिया गया है। इस रथ के माध्यम से लोगों के दरवाजे पर ओपीडी सेवा उपलब्ध कराया जा रही है, जो बहुत लोकप्रिय हो रही है। इस सेवा से अब तक 1.52 लाख लोग लाभान्वित हो चुके हैं, जिसमें विभिन्न बीमारियों से रोगी शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि गुजरात सरकार ने राज्य में आरटी-पीसीआर परीक्षण और प्रतिजन परीक्षण की गति बढ़ा दी है। सोमवार को लगभग 70,000 कोरोना परीक्षण किए गए। इसके अलावा, अहमदाबाद शहर में कोरोना के मरीजों के लिए कोरोना होम सर्विस, होम एकांतवास की व्यवस्था की गई है। इस व्यवस्था के तहत डॉक्टर और पैरामेडिकल स्टाफ गृह एकांतवास में रोगियों को दैनिक देखभाल कर रहे हैं, जबकि गंभीर रूप से बीमार मरीजों को कोरोना अस्पतालों में भर्ती कराया जा रहा है।

उल्लेखनीय है कि देश में कोरोना के फिर बढ़ते प्रकोप से निपटने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आठ राज्यों में व्यवस्थाओं का जायजा लिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज आठ राज्यों के मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से बैठक की। बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह भी शामिल थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *