12 मई 2023 ! बीते मंगलवार शाम क्रिकेटर से नेता बने इमरान खान इस्लामाबाद उच्च न्यायालय में एक भ्रष्टाचार के मामले में सुनवाई के लिए पहुंचे थे। यहां से NAB के आदेश पर अर्धसैनिक रेंजर्स ने उन्हें हिरासत में ले लिया था। इसके बाद पाकिस्तान में हिंसा भड़क गई। इतना ही नहीं सबसे अधिक आबादी वाले प्रांत पंजाब में भी कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पाकिस्तानी सेना की टुकड़ियों को तैनात किया गया है।
स्थानीय मंत्रालय ने कहा कि कानून व्यवस्था और शांति बहाल करने के लिए सेना जिला प्रशासन के साथ मिलकर काम करेगी। इस बीच, पंजाब पुलिस ने कहा कि शांति भंग करने और हिंसा में शामिल होने के आरोप में पूरे प्रांत से 945 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
पाकिस्तान के पूर्व तानाशाह परवेज मुशर्रफ का संयुक्त अरब अमीरात में निधन हो गया। मुर्शरफ के खिलाफ पाकिस्तान में कई मुकदमें चल रहे थे और इसी वजह से वह दुबई में निर्वासन में जी रहे थे। पाकिस्तानी मीडिया ने खुलासा था कि कारगिल घुसपैठ का कांड करने वाले परवेज मुशर्रफ भारत के साथ कश्मीर को लेकर बड़ी डील करने के बेहद करीब पहुंच गए थे। भारत और पाकिस्तान सियाचिन और सरक्रीक को लेकर समझौता करने ही वाले थे कि मुशर्रफ के खिलाफ वकीलों का विरोध प्रदर्शन शुरू हो गया।
पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक वकीलों के इस प्रदर्शन को पाकिस्तानी सेना के शीर्ष जनरलों ने हवा दी ताकि भारत के साथ किसी समझौते को रोका जा सके।
इससे पहले पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के साथ भी कुछ ऐसा ही हश्र हुआ था। अप्रैल 2018 में पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट ने नवाज शरीफ को आजीवन सार्वजनिक पद धारण करने से अयोग्य घोषित कर दिया था।
दरअसल, इस फैसले से एक साल पहले पनामा पेपर्स लीक मामले में नाम आने पर नवाज शरीफ को प्रधानमंत्री के पद से बर्खास्त कर दिया गया था। तब पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट की 5 सदस्यीय पीठ ने कहा था-संवैधानिक खंड के तहत अयोग्य ठहराए गए व्यक्ति को जीवन भर के लिए प्रतिबंधित माना जाएगा।
1999 में निर्वासित होने के बाद सितंबर 2007 में पाकिस्तान लौटने पर जनरल परवेज मुशर्रफ ने नवाज शरीफ को नजरबंद कर दिया गया था। शरीफ को इलाज के लिए लंदन जाने के लिए नवंबर 2019 में जमानत मिली और वह फिर कभी नहीं लौटे।
सोर्स :– ” जागरण ”
