• June 8, 2026 12:55 am

सीएम धामी के साथ मेयर और विधायकों ने लगाई दौड़, योग दिवस को उत्सव के रूप में मनाने का संदेश

Share More

20 जून 2022 | सीएम धामी ने कहा कि शरीर और मन दोनों को सेहतमंद बनाए रखने के लिए नियमित रूप से दिनचर्या में योगासनों को शामिल करके लाभ प्राप्त किया जा सकता है। उन्होंने कहा योग का अभ्यास शरीर, श्वास और मन को जोड़ता है। साथ ही योग से शरीर, विचार हमेशा स्वस्थ सकारात्मक रहते हैं। कहा कि दौड़ की अगुवाई कर रहे एनसीसी युवाओं को देख उन्हें अपना बचपन याद आ गया। 

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस से पूर्व ‘रन फॉर योग’ कार्यक्रम के तहत घंटाघर से एमकेपी चौक तक आयोजित दौड़ में शामिल होकर योग के प्रति युवाओं एवं जनता को जागरूकता का संदेश दिया। इसके बाद यहां कार्यक्रम में मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि प्रधानमंत्री ने पूरी दुनिया में योग को मान्यता दिलाई है।

सीएम धामी ने कहा कि शरीर और मन दोनों को सेहतमंद बनाए रखने के लिए दिनचर्या में नियमित रूप से योग करें। उन्होंने कहा कि योग का अभ्यास शरीर, श्वास और मन को जोड़ता है। साथ ही योग से शरीर, विचार हमेशा स्वस्थ सकारात्मक रहते हैं। कहा कि दौड़ की अगुवाई कर रहे एनसीसी युवाओं को देख उन्हें अपना बचपन याद आ गया। उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को एक उत्सव के रूप में मनाए जाने का सभी से आग्रह किया।

धामी ने कहा कि देहरादून शहर देश के प्रमुख शहरों में से एक है। इसकी स्वच्छता से हम पूरे देश में पर्यावरण के प्रति सकारात्मक संकेत दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि क्लीन सिटी ग्रीन सिटी यह मेरा ड्रीम सिटी’ के साथ सभी जुड़े और अपने शहर को सुंदर और स्वच्छ बनाएं। इस दौरान उन्होंने स्वच्छता को सहभागिता से किया जाने वाला कार्य बताया। उन्होंने कहा हम इकोलॉजी एवं इकोनामी में समन्वय बनाकर देहरादून शहर का विकास करेंगे। 

सीएम ने कहा कि उत्तराखंड राज्य विकास के नए आयामों को छू रहा है। आज केदारनाथ प्रांगण ने दिव्य भव्य और नया रूप ले लिया है। इसके साथ ही बदरीनाथ धाम का मास्टर प्लान भी शुरू कर दिया गया है। उन्होंने आने वाले 25 वर्ष उत्तराखंड को प्रत्येक क्षेत्र में सर्वश्रेष्ठ राज्य बनाए जाने एवं आत्मनिर्भर उत्तराखंड बनाए जाने की बात कही। इस दौरान मेयर सुनील उनियाल गामा, विधायक खजान दास, विधायक विनोद चमोली, डीजीपी अशोक कुमार, सचिव डाॅ पंकज कुमार पांडेय  मौजूद रहे।

सोर्स;-“अमरउजाला”  


Share More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *