• September 27, 2022 1:14 pm

मात्र 39 रुपये में मिलेगी कोराना की टैबलेट, जानिए किस कंपनी ने तैयार की ये दवा

ByPrompt Times

Jul 28, 2020
मात्र 39 रुपये में मिलेगी कोराना की टैबलेट, जानिए किस कंपनी ने तैयार की ये दवा
Share More

दुनिया भर में कोरोना (COVID19) महामारी का प्रकोप लगातार बढ़ता ही जा रहा है. अभी तक इस वायरस (Virus) की कोई वैक्सीन भी नहीं बनी है. महामारी को लेकर भारत में एक बढ़िया खबर है ये कि हमारे देश में अब कोरोना की एक दवा लॉन्च हुई है. जी हां, दवा कंपनी जेनबर्कट फार्मास्युटिकल्स (Jenburkt Pharmaceuticals) ने हाल ही में कोरोना महामारी की दवा को लॉन्च किया है. गई इस दवा का नाम फैवीवेंट (Favivent) है, जो फैवीपिरावीर (Favipiravir) के नाम से बाजार में मिलेगी. अच्छी बात ये है कि इस दवा का दाम भी काफी कम है. फैवीवेंट की कीमत महज 39 रुपए प्रति टैबलेट है.

जानकारी के लिए बता दें कि यह दवा कोरोना के हल्के लक्षण वाले मरीजों के इलाज के लिए कारगर सिद्ध हो सकती है. दवा को लॉन्च करने वाली फर्म ने बताया कि फैवीवेंट 200 मिलीग्राम की टैबलेट में आएगी. इसके एक पत्ते में 10 टैबलेट होगी. दवा तेलंगाना राज्य की फार्मास्यूटिकल प्लांट में बन रही है. 23 जुलाई को फार्मा कंपनी ब्रिंटन फार्मास्युटिकल्स (Brinton Pharmaceuticals) ने बयान जारी कर कहा था कि फैवीटॉन (Faviton)ब्रांड नाम से फेविपिरविर दवा की कीमत 59 रुपये प्रति टैबलेट तय की गई है.

पिछले दिनों ही फार्मा प्रमुख ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स (Glenmark Pharmaceuticals)फैबीफ्लू (FabiFlu) नाम से 75 रुपये प्रति टैबलेट पर इस दवा को मार्केट में लॉन्च कर चुका है. अब देखना यह होगा कि इस दवा से कोविड-19 के मरीजों पर कितना असर पड़ता है. भारत में कोविड-19 की दवा का दाम सबसे कम है.

भारत में अब तक कोरोना 13 लाख से ज्यादा लोग संक्रमण का शिकार हो चुके हैं. 32 हजार से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है जबकि 5 लाख के करीब कोविड-19 पॉजिटिव हैं. अब हर 24 घंटे में हर रोज 48 से 50 हजार के करीब संक्रमण के नए मामले आते हैं. कोरोना केस में भारत दुनिया का तीसरा सबसे प्रभावित देश है. अमेरिका, ब्राजील के बाद भारत तीसरे नंबर पर है. पहले कोरोना सिर्फ शहरों तक ही सीमित था लेकिन अब ग्रामीण इलाकों से भी लोग इस संक्रमण का शिकार हो रहे हैं.


















ZEE


Share More

Leave a Reply

Your email address will not be published.