• June 9, 2026 3:37 am

हमेशा के लिए नहीं आ रहा शिवाजी का ‘बघनखा’, क्यों ब्रिटेन जाएगा वापस?

Share More

अक्टूबर 4 2023 ! छत्रपति शिवराजी महाराज का बघनखा ब्रिटेन के विक्टोरिया और अल्बर्ट म्यूजियम से भारत आ रहा है. इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है और जल्द ही महाराष्ट्र सरकार के साथ म्यूजियम एक एमओयू साइन करने वाला है. बताया जा रहा है कि इस बघनखा के लिए अगले हफ्ते तक महाराष्ट्र लाया जा सकता है. हालांकि रिपोर्ट्स के मुताबिक इस यह बाघ नख सिर्फ तीन साल के लिए ही भारत लाया जाएगा. इसके बाद इसे वापस ले जाया जा सकता है.

महाराष्ट्र के संस्कृति मंत्री सुधीर मुनगंटीवार इस बघनखा को लेने के लिए मंगलवार यानी 3 अक्टूबर को ब्रिटेन के लिए रवाना होने वाले हैं. यह बघनखा इसलिए विख्यात है क्योंकि इसी से शिवाजी महाराज ने अफजल खान की हत्या की थी. 1659 में अपने हाथों में शिवाजी महाराज धातु के पंजे नुमा एक हथियार को अपने साथ रखते थे और इसी से उन्होंने अफजल खान की योजना को विफल किया था और उसकी हत्या कर दी थी.

म्यूजियम की ओर से भी इस बात पर रजामंदी दी गई है. एक स्टेटमेंट ने म्यूजियम ने कहा है कि वह भी एमओयू साइन करने के लिए तैयार हैं. उन्होंने कहा कि उन्हें इस बात की खुशी है कि शिवाजी के 350वीं जयंती पर बघनखा को भारत लाया जा रहा है. इसे एक निश्चित समय के लिए ही भारत भेजे जाने की उम्मीद है. इस बाघ नख को ईडन के जेम्स ग्रांट डफ को दिया था. म्यूजियम में इस बघनखा के बारे में लिखा है कि इसी से शिवाजी ने मुगल सेना के जनरल को मारा था.

महाराष्ट्र सरकार की इस पहल पर शिवसेना यूबीटी गुट के कई नेताओं ने अलग-अलग सवाल खड़े किए हैं. संजय राउत ने कहा है कि यह शिवाजी महाराज के बघनखा का अपमान है, इस हथियार को सिर्फ 3 साल के लिए भारत में लाया जा रहा है. वहीं आदित्य ठाकरे ने कहा कि आखिर यह बघनखा को भारत लाया जा रहा है या उधार लिया गया है. इन सवालों पर डिप्टी सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि अपमानजनक सवाल पूछना शिवसेना का इतिहास रहा है.

सोर्स :- ” TV9 भारतवर्ष    


Share More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *