7 जुलाई 2023 ! ये मैच है, भारत और पाकिस्तान का.
दोनों देशों की टीमें 15 अक्टूबर को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में आमने-सामने होंगी.
की मानें तो पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने अहमदाबाद में पाकिस्तान के मैच ना करवाए जाने की बात कही थी.
तब पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी ने यहां तक कहा था, ”अहमदाबाद की पिच में भूत है क्या या आग लगी हुई है? जाओ जाकर खेलो और जीतो. अंत में ये मायने रखता है कि पाकिस्तान की टीम जीते.”
तब पाकिस्तान के पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी ने यहां तक कहा था, ”अहमदाबाद की पिच में भूत है क्या या आग लगी हुई है? जाओ जाकर खेलो और जीतो. अंत में ये मायने रखता है कि पाकिस्तान की टीम जीते.”
मगर ख़बरों की मानें तो आईसीसी को यक़ीन है कि पाकिस्तान क्रिकेट वर्ल्ड कप खेलने भारत ज़रूर आएगा.
भारत की पांच जगहों पर पाकिस्तान की टीम का नौ मैच खेलना तय है.
मगर इन सारे मैचों में सबसे ज़्यादा सुर्खियां बटोर रहा है अहमदाबाद में खेला जाने वाला भारत और पाकिस्तान का मैच.
भारत पाकिस्तान के मैच की जितनी चर्चा भारत में हो रही है, पाकिस्तान में भी लगभग उतनी ही चर्चा हो रही है.
क्रिकेट वर्ल्ड कप की बाक़ी टीमों के मैच की चर्चा एक तरफ़ और भारत पाकिस्तान के मैच की चर्चा दूसरी तरफ़.
पाकिस्तान में सोशल मीडिया पर आम लोगों से लेकर पूर्व क्रिकेटर्स भी प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं.
पाकिस्तान में पत्रकारों ने वसीम अकरम से अहमदाबाद, मुंबई और कोलकाता में मैच होने पर सवाल पूछा.
वसीम अकरम बोले, ”इसमें कोई मुद्दा ही नहीं है. जहां मैच होना है, वहां पाकिस्तान को खेलना है. ख़त्म हो गई बात. ये बेवजह तनाव लेना कि अहमदाबाद में नहीं खेलेंगे तो वहां खेलेंगे. पाकिस्तानी खिलाड़ी से पूछेंगे तो वो इसकी परवाह नहीं करेंगे. जहां कहीं भी शेड्यूल होगा, वो वहां मैच खेलेंगे.”
भारत और पाकिस्तान के बीच एशिया कप खेले जाने को लेकर बीते दिनों विवाद रहा है. भारत ने पाकिस्तान में एशिया कप खेलने से इनकार कर दिया था.
वसीम अकरम इस पर कहते हैं, ”हम भी देशभक्त हैं वो भी देशभक्त हैं. जो सरकारें हैं वो आपस में बात करेंगी, ये उनकी दिक़्क़त है. अगर आपको लगता है कि कुछ ग़लत है तो सोचकर कहें. पर ये भी है कि फिर आप वहीं खड़े रहेंगे, जहां पहले थे. ऐसे में हमेशा ये प्लान करना चाहिए कि क्या ये हम कर सकते हैं जो हम ख़त्म करने की बात कर रहे हैं. अगर नहीं ख़त्म कर सकते तो फिर वो बात भी मत कीजिए.”
पाकिस्तान के क्रिकेटर रहे अब्दुल रज़्ज़ाक और सिकंदर बख़्त ने भी इस दौरे पर जियो न्यूज़ और एबीपी न्यूज़ से साझा कार्यक्रम में बात की.
सिकंदर बख़्त ने कहा, ”मैं तो इस बात पर हैरान हूं कि हम तो भारत आते हैं, पर आप हमारी तरफ़ नहीं आते हैं. मेरा निजी स्टैंड तो ये है कि अगर आप हमारी तरफ़ नहीं आ रहे हैं तो हमें भी आपकी तरफ़ नहीं जाना चाहिए.”
इसी कार्यक्रम में भारत से शामिल कपिल देव कहते हैं, ”मैं समझता हूं कि कोई भी खिलाड़ी ऐसा नहीं है जो पाकिस्तान आने से मना करना चाहता है. पर हां उससे पहले ये ज़रूरी है कि दोनों देशों की सरकारें पॉलिसी के स्तर पर बात करें.”
पाकिस्तान के क्रिकेटर रहे अब्दुल रज़्ज़ाक ने कहा, ”पूरी दुनिया की टीमें पाकिस्तान में आकर सुरक्षित महसूस करती हैं और मैच खेलती हैं. सिर्फ़ इंडिया की टीम को दिक़्क़त है कि वो पाकिस्तान आकर नहीं खेल सकतीं. एक तरफ़ आप दिल जोड़ने की बात करते हैं, दूसरी तरफ़ कहते हैं कि पाकिस्तान सुरक्षित नहीं है. ये दोनों बातें आपस में मिल नहीं रहीं. या तो बात करें दिल जोड़ने की या तो ये कहें कि हमें नहीं खेलना है.”
पाकिस्तान के न्यूज़ चैनलों के कार्यक्रमों में ये बहस की जा रही है कि भारत में भी सुरक्षा के ख़तरें हैं, इसके बावजूद टीम को भेजा रहा है तो ऐसे में टीम इंडिया पाकिस्तान क्यों नहीं आ सकती.
टीवी एंकर्स ये कहते भी सुने जा सकते हैं कि गुजरात में फसाद हुए हैं ऐसे में अहमदाबाद में मैच होने से पाकिस्तानी टीम को सुरक्षा का ख़तरा भी है.
सोर्स :-“BBC न्यूज़ हिंदी”
