22 दिसंबर 2023 ! रतन टाटा का विजन काफी क्लीयर रहा है. उन्होंने पहले फैसला किया, उसके बाद उस फैसले को पूरी दुनिया के सामने सही साबित करके दिखाया. उसके बाद भी कभी—कभी इंसान को मजबूरी में भी कुछ फैसले लेने पड़ते हैं. रतन टाटा ने भी अपनी आॅटो कंपनी टाटा मोटर्स को बेचने का फैसला किया था. 90 के दशक में इंडिका के फ्लॉप होने के बाद रतन टाटा इसे बेचने के लिए अमेरिका तक चले गए थे. फोर्ड को कंपनी बेचने का फैसला कर लिया था, लेकिन वहां कुछ ऐसा हुआ कि उन्होंने कंपनी नहीं बेची और आज वो ही टाटा मोटर्स 2.41 करोड़ रुपए की कंपनी बन चुकी है. लखटकिया कार निकाल चुकी है. आज टाटा की गाड़ियां देश में पसंदीदा ब्रांड बन चुका है. ईवी सेक्टर में टाटा मोटर्स सबसे आगे है.
अगर बात निवेशकों के नजरिए से करें तो साल 2023 टाटा मोटर्स और इसके निवेशकों के लिए काफी अच्छा गुजरा है. मौजूदा साल में कंपनी का शेयर निवेशकों को करीब 90 फीसदी का रिटर्न दे चुका है. आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर मौजूदा समय में कंपनी का शेयर कितने रुपए पर कारोबार कर रहा है और आने वाले दिनों में कितने रुपए पर जा सकता है. इससे पहले 90 के दशक में घूम लेते हैं और समझने की कोशिश करते हैं कि आखिर रतन टाटा टाटा मोटर्स को बेचना क्यों चाहते थे और अमेरिका से फोर्ड को बिना बेचे वापस क्यों आ गए?
90 के दशक में रतन टाटा ने टाटा मोटर्स के बैनर तले टाटा इंडिका को लॉन्च किया, लेकिन कार फ्लॉप हो गई. रिस्पांस काफी खराब था. कंपनी को घाटा होने लगा. उसके बाद रतन टाटा ने पैसेंजर कार बिजनेस को बेचने का फैसला किया. जिसके उन्होंने अमेरिकी कार मेकर फोर्ड मोटर्स से काम की. उसके लिए उन्होंने बिल फोर्ड से बात की. बिल फोर्ड ने उस वक्त रतन टाटा का मजाक उड़ाते हुए कहा था कि जब उन्हें इस बिजनेस के बारे में जानकारी नहीं थी तो उन्होंने इसकी शुरुआत क्यों की? फोर्ड ने उस समय यह तक कह डाला था कि वो इस बिजनेस को खरीदकर टाटा पर अहसान करेंगे.
बिना बेचे आ गए वापस और शुरू हुआ नया सफर
बिल फोर्ड की बातें रतन टाटा को तीर की तरह चुभ गई. इस मुलाकात में रतन टाटा बिजनेस को बिना बेचे वापस आए और आॅटो कंपनी को दोबारा से खड़ा करने में जुट गए. और दुनिया को दिखा दिया कि सफलता की पहली सीढ़ी की असफलता है. आज टाटा मोटर्स जिस मुकाम पर है, उसे बताने की जरुरत नहीं है. टाटा मोटर्स इंडिया आॅटो सेक्टर खासकर पैसेंजर व्हीकल में बड़ा नाम कमा चुकी है. ईवी सेक्टर में तो उसका कोई सानी ही नहीं है. लगातार टाटा मोटर्स ईवी पर अपना फोकस बढ़ा रही है. टाटा मोटर्स को पता है कि आने वाले दिनों में उसकी टक्कर टेस्ला जैसी बड़ी कंपनियों से होने वाली है.
निवेशकों को मोटी कमाई करा रहा टाटा मोटर्स
अब बात जरा निवेशकों के नजरिये से करते हैं. टाटा मोटर्स और उसके निवेशकों के लिए साल 2023 काफी बेहतरीन साबित हुआ है. कंपनी के शेयर ने निवेशकों को करीब 80 फीसदी से ज्यादा का रिटर्न दिया है. मौजूदा समय में कंपनी का शेयर रिकॉर्ड पर पहुंच गया है. आंकड़ों पर बात करें तो टाटा मोटर्स का शेयर साल की शुरुआत में 400 रुपए से भी कम पर था. आज उसकी कीमत 700 रुपए से ज्यादा हो चुकी है. आंकड़ों के अनुसार इसकी की कीमत में करीब 328 रुपए का इजाफा देखने को मिल चुका है. इसका मतलब है कि निवेशकों को टाटा मोटर्स ने काफी फायदा पहुंचाया है.
रिकॉर्ड लेवल पर शेयर
मौजूदा समय में टाटा मोटर्स के समय में तेजी देखने को मिल रही है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर करीब 2 फीसदी की तेजी के साथ 722.50 रुपए पर कारोबार कर रहा है. कारोबारी सत्र के दौरान कंपनी का शेयर 731 रुपए पर भी गया था. जिसकी वजह से कंपनी की वैल्यूएशन 2.41 लाख करोड़ रुपए पर आ चुकी है. जबकि साल की शुरूआत में कंपनी की वैल्यूएशन में 1.31 लारख करोड़ रुपए से ज्यादा था. इसका मतलब है कि मौजूदा साल में कंपनी की वैल्यूएशन में 1.10 लाख करोड़ रुपए का इजाफा देखने को मिल चुका है.
सोर्स :- ” TV9 भारतवर्ष “
