22जुलाई 2022 राजधानी दिल्ली से रवाना हुई अंबिकापुर हजरत निजामुद्दीन एक्सप्रेस ट्रेन बुधवार रात डेढ़ घंटे विलंब से अंबिकापुर पहुंची। पहली बार दिल्ली से अंबिकापुर पहुंची ट्रेन में सवार यात्रियों एवं ट्रेन स्टाफ का स्टेशन में जनप्रतिनिधियों ने गुलाब का फूल देकर स्वागत किया। यह ट्रेन गुरुवार सुबह करीब पौने घंटे विलंब से अंबिकापुर से हजरत निजामुद्दीन के लिए रवाना हुई। सप्ताह में एक दिन अंबिकापुर और एक दिन हजरत निजामुद्दीन से संचालित इस विशेष एसी ट्रेन में सामान्य और स्लीपर दर्जे की बोगी नहीं होने के बाद भी यात्रियों की संख्या कम नहीं है। हालांकि लोग अब इस ट्रेन में इस सुविधा को शुरू करने की मांग करने लगे हैं।
उत्तरी छत्तीसगढ़ के सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर से दिल्ली तक सीधी ट्रेन सुविधा शुरू करने की मांग एक दशक से भी लंबे समय से चल रही थी। जनप्रतिनिधियों के साथ विभिन्ना् संगठनों द्वारा इसके लिए प्रयास किया जा रहा था। इस बीच केंद्रीय जनजाति राज्य मंत्री रेणुका सिंह की पहल पर रेलवे बोर्ड ने अंबिकापुर से हजरत निजामुद्दीन के बीच सीधी ट्रेन सेवा शुरू करने की अनुमति दे दी। हालांकि इसे लोगों की मांग पर विशेष ट्रेन सेवा का दर्जा दिया गया। इसका शुभारंभ 14 जुलाई को समारोहपूर्वक किया गया। साप्ताहिक चलने वाली इस ट्रेन का संचालन निर्धारित दिन मंगलवार से निजामुद्दीन स्टेशन से आरंभ हुआ। इस यात्रा में करीब छह सौ यात्री सवार थे। स्टेशन में आयोजित समारोह में केंद्रीय राज्यमंत्री रेणुका सिंह ने रेल अधकिारियों के साथ ट्रेन को हरी झंडी दिखाई थी। यह ट्रेन बुधवार रात नौ बजे अंबिकापुर स्टेशन पहुंची। इस मौके पर भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अनुराग सिंहदेव, अंबिकेश केशरी, राजकिशोर चौधरी, निलेश सिंह एवं अन्य नेताओं ने ट्रेन में सफर करने वाले यात्रियों सहित रेलवे गार्ड, टिकट निरीक्षक एवं चालक का स्वागत किया।
तकनीकी खराबी के कारण पौन घंटे हुआ विलंब-
गुरूवार को अंबिकापुर से हजरत निजामुद्दीन एक्सप्रेस ट्रेन की रवानगी सुबह सवा सात बजे थी लेकिन यह करीब पौन घंटे विलंब से यहां से छूटी। बताया गया कि ट्रेन के इंजन में कुछ तकनीकी खराबी के कारण इसके छूटने में देरी हुई। सुबह आठ बजकर दस मिनट में ट्रेन अंबिकापुर से रवाना हुई।
स्लीपर व सामान्य डिब्बे लगाने की बढ़ रही मांग-
दिल्ली तक के लिए भले ही सफर आसान हो गया है लेकिन यह ट्रेन अब भी सभी नागरिकों के पहुंच के बाहर है। फिलहाल इस ट्रेन में स्लीपर एवं सामान्य दर्जे की सुविधा नहीं शुरू की गई है। वातानुकूलित डिब्बों में सफर करने के लिए कई गुना किराया सभी के लिए संभव नहीं है। इस परेशानी को देखते हुए केंद्रीय राज्यमंत्री रेणुका सिंह ने भी अपनी ओर से प्रयास शुरू कर दिया है। यह भी बताया जा रहा है कि दो माह संचालन के बाद ही इस ट्रेन में दूसरी सुविधा बढ़ाने के लिए पहल होगी।
अंबिकापुर से अनूपपुर के बीच सवार हुए 385 यात्री-
गुरूवार को रवाना हुई ट्रेन में अंबिकापुर से अनूपपुर के बीच 385 लोगों ने दिल्ली तक सफर करने टिकट लिया। बता दें कि इस ट्रेन में एसी थ्री का किराया 1790, एसी टू का 2470 और एसी वन का किराया 3885 र्स्पये है। इसके बावजूद इसमें सफर करने वाले लोगों की संख्या कम नहीं कही जा सकती।
” Source;-नईदुनिया”
