• June 9, 2026 3:13 am

स्वतंत्रता संग्राम के पुरोधा स्व. मथुरा प्रसाद सिंह की 39वीं जयंती पर उन्हें अर्पित की गई भावभीनी श्रद्धांजलि

Share More

15 दिसंबर 2022 |  मथुरा प्रसाद सिंह स्मृति मंच ने सहकारिता जगत के पितामह कहे जाने वाले स्वतंत्रता संग्राम के पुरोधा स्व. मथुरा प्रसाद सिंह की 39वीं जयंती का आयोजन रांची के मथुरापुरम, नामकुम में किया।

इस अवसर पर उन्हें स्मरण एवं श्रद्धा सुमन अर्पित कर, उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व की चर्चा करते हुए स्मृति मंच के अध्यक्ष व झारखंड उच्च न्यायालय के अधिवक्ता धीरज कुमार ने कहा की मथुरा बाबू देश के ग्रामीण इलाकों के प्रगति और उन्नति के लिए सदैव तत्पर रहे। उनका मानना था कि गांव की गलियों से ही राष्ट्र के विकास का मार्ग प्रशस्त होता है। वह सदैव सहकारिता के माध्यम से जन-जन के विकास की कल्पना करते थे।

केन्द्र व प्रदेशों की चयनित सरकार का यह दायित्व होना चाहिए कि सहकारिता के मूलभूत संरचनाओं को मजबूती प्रदान करे। देश की 70% आबादी जो ग्रामीण क्षेत्रों में रहती है, उसे समृद्ध और सुदृढ़ बनाया जा सके, यही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। सामाजिक कार्यकर्ता संजय कुमार सिंह ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि मथुरा बाबू आज भी अपने कार्यों और व्यक्तित्व के कारण हम सभी के बीच प्रासंगिक हैं। उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि और श्रद्धा सुमन अर्पित करते हुए राज्य सरकार से यह मांग करता हूं कि ऐसे प्रेरणास्रोत व्यक्तित्व का आदमकद प्रतिमा रांची शहर में स्थापित की जाए ताकि आने वाली पीढ़ियों को उनके व्यक्तित्व से प्रेरणा मिल सके।

इस अवसर पर प्रदीप यादव, संजय शर्मा, पी के मिश्रा, शंकर प्रसाद, श्रवण झा सहित प्रबुद्धजनों एवं गणमान्य नागरिकों के साथ-साथ सभी वर्गों के लोगों ने स्व. मथुरा बाबू को श्रद्धासुमन अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

सोर्स :-” पंजाब केसरी”                    

Share More

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *