केंद्रीय शिक्षा मंत्री रमेश पोखरियाल निशंक ने बताया कि उत्तराखंड में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि से 8.54 लाख किसान लाभान्वित हुए हैं। इस निधि में 851.01 करोड़ पैसा लाभार्थियों के खाते में गया है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कृषि सुधारों से संबंधित तीन विधेयकों को किसानों की आय वर्ष 2022 तक दोगुना करने वाला बताया। साथ ही उन्होंने उत्तराखंड में भी कृषि विभाग की फ्लैगशिप योजनाओं की जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री किसान पेंशन योजना में राज्य में 1856 किसान जुड़े। चालू वित्तीय वर्ष 2020-21 में 76 किसान जुड़े हैं। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना से 2016-19 से 2019-20 तक 8,88,258 किसान जुड़े हैं।
इस अवधि में बीमा कंपनी को 298.67 करोड़ का प्रीमियम प्राप्त हुआ। 2,18,297 किसानों को बीमा कंपनी ने 139.27 करोड़ रुपये का क्लेम दिया।
डॉ. रमोश पोखरियाल निशंक ने कहा कि प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना में वर्ष 2020-21 के सापेक्ष कुल 33.33 करोड़ की परियोजनाएं स्वीकृत हुई हैं। इसके अतिरिक्त चार विकास बोर्ड के लिए 15.63 करोड़ की परियोजना को स्वीकृति दी गई है। ई-नाम प्लेटफार्म पर कुल 102.80 करोड़ का बिजनेस हुआ। अब तक राज्य के कुल 7254 किसानों ने इस योजना में भागीदारी की है। कस्टम हाइरिंग सेंटर फार्म मशीनरी बैंक 1441 को वितरित किया गया। इससे 11250 किसान लाभान्वित हुए हैं।
उनका कहना है कि प्रदेश में जैविक कृषि से आच्छादित क्षेत्रफल 1.54 लाख हेक्टेयर है। कुल लाभार्थी किसानों की संख्या 3.08 लाख है। स्वॉयल हेल्थ कार्ड प्रदेश के सभी 8.81 लाख किसानों को वितरित किए गए हैं। केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कृषि सुधारों के साथ ही नई शिक्षा नीति समेत ऐसे कई महत्वपूर्ण फैसले लिए। आजादी से आज तक ऐसे महत्वपूर्ण फैसले लेने में कांग्रेस हिचकती रही।
